राजस्थान में CJP टीम पर कथित हमला
राजस्थान में CJP टीम पर कथित हमला: स्कूल निरीक्षण के दौरान बवाल
जयपुर | 21 अगस्त 2026
All levels of disgust have been crossed today.
— Ashutosh Ranka (@AshutoshRanka) August 21, 2026
रामपुरा, कंवरपुरा में पिछले काफ़ी सालों से स्कूल भैंसों के तबेले में चल रहा है। लेकिन जब हम वहाँ निरीक्षण करने पहुंचे तो सरेआम मारपीट, पत्थरबाजी की गई। कारों के शीशे फोड़े गए, टीम पर पत्थर बरसाये गए। कपड़े फाड़े गए। ट्यूब में पत्थर… pic.twitter.com/H15osb1ODA
राजस्थान के जयपुर जिले के रामपुरा-कंवरपुरा गांव में सरकारी स्कूल का निरीक्षण करने पहुंची Cockroach Janata Party (CJP) की टीम को स्थानीय लोगों के विरोध का सामना करना पड़ा। विवाद इतना बढ़ गया कि CJP के सह-संयोजक आशुतोष रांका और पार्टी कार्यकर्ताओं को वहां से वापस जाना पड़ा। कई मीडिया रिपोर्टों में टीम के साथ धक्का-मुक्की, मारपीट, पत्थरबाजी और वाहनों को नुकसान पहुंचाने के आरोप सामने आए हैं।
क्या हुआ?
CJP अपनी “School Thik Karo” मुहिम के तहत राजस्थान के सरकारी स्कूलों की स्थिति का जायजा ले रही है। पार्टी के अनुसार, रामपुरा-कंवरपुरा के सरकारी स्कूल की इमारत खराब स्थिति में है और बच्चों की पढ़ाई वैकल्पिक जगह पर होने का दावा किया गया। इसी स्कूल का निरीक्षण करने के लिए रांका और उनकी टीम गांव पहुंची थी।
गांव में पहुंचने के बाद स्थानीय लोगों और CJP कार्यकर्ताओं के बीच बहस और टकराव हुआ। सामने आए वीडियो में लोगों की भीड़ को CJP टीम का रास्ता रोकते और उन्हें पीछे हटने के लिए मजबूर करते हुए देखा जा सकता है।
CJP का आरोप
CJP नेता आशुतोष रांका और संस्थापक अभिजीत डिपके ने आरोप लगाया कि उनके कार्यकर्ताओं पर हमला किया गया और कुछ वाहनों को नुकसान पहुंचाया गया। रांका ने हमले के लिए BJP से जुड़े लोगों को जिम्मेदार बताया है।
CJP के अनुसार, एक स्वयंसेवक के हाथ में फ्रैक्चर भी हुआ। हालांकि, इन आरोपों में हमलावरों की राजनीतिक पहचान की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।
BJP का जवाब
BJP नेताओं ने CJP के आरोपों को खारिज किया है। राजस्थान BJP मंत्री जवाहर सिंह बेढम ने आरोप लगाया कि CJP के पीछे कांग्रेस से जुड़े लोग हो सकते हैं। अन्य BJP नेताओं ने भी CJP की गतिविधियों पर सवाल उठाए और कहा कि स्थानीय लोगों ने टीम को गांव से बाहर किया।
ग्रामीणों का क्या कहना है?
कुछ ग्रामीणों ने CJP के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि वे स्कूल के मुद्दे का राजनीतिकरण नहीं चाहते। रिपोर्टों के मुताबिक, ग्रामीणों का कहना है कि स्कूल के निर्माण/मरम्मत के लिए राशि स्वीकृत हो चुकी है और स्थानीय समुदाय खुद इस समस्या को हल करना चाहता है।
वीडियो में क्या दिख रहा है?
घटना से जुड़े सामने आए वीडियो में CJP कार्यकर्ताओं और ग्रामीणों के बीच तीखी बहस और धक्का-मुक्की दिखाई देती है। कुछ वीडियो में भीड़ द्वारा टीम को पीछे हटाते हुए देखा जा सकता है। वीडियो घटना के टकराव को दिखाते हैं, लेकिन केवल वीडियो के आधार पर हमलावरों की राजनीतिक पहचान या पूरे घटनाक्रम की जिम्मेदारी तय नहीं की जा सकती।
वीडियो रिपोर्ट
विवाद का बड़ा मुद्दा
यह विवाद केवल CJP और BJP के बीच राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप तक सीमित नहीं है। इसके केंद्र में सरकारी स्कूलों की स्थिति और बाहरी लोगों को स्कूल निरीक्षण की अनुमति का सवाल भी है।
CJP के “School Thik Karo” अभियान के बाद राजस्थान शिक्षा विभाग ने सरकारी स्कूल परिसरों में बाहरी लोगों के प्रवेश को लेकर प्रतिबंध/अनुमति संबंधी निर्देश जारी किए थे। CJP ने इस फैसले पर सवाल उठाए थे।
निष्कर्ष
रामपुरा-कंवरपुरा की घटना में टकराव और CJP टीम को वहां से हटाए जाने की बात कई रिपोर्टों में सामने आई है, लेकिन BJP कार्यकर्ताओं द्वारा हमला किए जाने का CJP का आरोप अभी स्वतंत्र रूप से स्थापित नहीं हुआ है। BJP ने आरोपों से इनकार किया है और ग्रामीणों ने भी घटना को अलग तरीके से बताया है। इसलिए फिलहाल सबसे सुरक्षित निष्कर्ष यही है कि स्कूल निरीक्षण को लेकर CJP टीम और स्थानीय लोगों के बीच गंभीर विवाद और झड़प हुई; हमले की जिम्मेदारी और राजनीतिक भूमिका की पुष्टि जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।